नई दिल्ली। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने रविवार को मनी लॉन्ड्रिंग मामले में कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी के पति और कारोबारी रॉबर्ट वाड्रा के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की। ईडी का आरोप है कि वाड्रा ने दो कंपनियों के जरिए 58 करोड़ रुपये की अवैध कमाई की, जिसका इस्तेमाल उन्होंने अचल संपत्तियां खरीदने, निवेश करने, कारोबारी कर्ज चुकाने और विभिन्न ग्रुप कंपनियों को फंड देने में किया।
ईडी की चार्जशीट के अनुसार, वाड्रा को कथित आपराधिक गतिविधियों से जुड़ी यह रकम दो रास्तों से मिली। इसमें 5 करोड़ रुपये ब्लू ब्रीज ट्रेडिंग प्राइवेट लिमिटेड (बीबीटीपीएल) के जरिए और 53 करोड़ रुपये स्काई लाइट हॉस्पिटैलिटी प्राइवेट लिमिटेड के जरिए ट्रांसफर हुए। ईडी के अनुसार जांच में सामने आया कि इन दोनों कंपनियों से प्राप्त रकम को वाड्रा ने न केवल अचल संपत्ति खरीदने और निवेश में लगाया, बल्कि अपने व्यवसायिक नेटवर्क की देनदारियां चुकाने में भी इस्तेमाल किया।
ईडी का कहना है कि पूरी प्रक्रिया में मनी लॉन्ड्रिंग रोधक कानून (पीएमएलए) के तहत अपराध से अर्जित संपत्ति को छिपाने और वैध दिखाने की कोशिश की गई। ईडी ने कहा है, कि चार्जशीट में जुटाए गए दस्तावेजी सबूत और बैंक ट्रांजैक्शन रिकॉर्ड इस कथित अवैध कमाई के स्रोत और इस्तेमाल की पुष्टि करते हैं। मामले की सुनवाई जल्द ही विशेष अदालत में शुरू होगी।

