नई दिल्ली। संविधान निर्माता बाबासाहेब भीमराव आंबेडकर का सपना आज भी अधूरा है उनकी लड़ाई सिर्फ अतीत की नहीं, आज की भी लड़ाई है। हम इसे पूरी ताक़त से लड़ेंगे और बराबरी और सम्मान की लड़ाई कांग्रेस पूरी ताकत से लड़ेगी। यह बात लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने कही। उन्होंने यूजीसी के पूर्व प्रमुख और शिक्षाविद् सुखदेव थोराट के साथ आंबेडकर के 1927 के ‘महाड़ सत्याग्रह’ के बारे में बातचीत का एक वीडियो साझा किया है।
राहुल गांधी ने पोस्ट में लिखा- 98 साल पहले शुरू हुई हिस्सेदारी की लड़ाई जारी है। 20 मार्च, 1927 को बाबासाहेब आंबेडकर ने महाड़ सत्याग्रह के ज़रिए जातिगत भेदभाव को चुनौती दी थी। यह केवल पानी के अधिकार की नहीं, बल्कि बराबरी और सम्मान की लड़ाई थी। उन्होंने कहा कि जाने-माने शिक्षाविद, अर्थशास्त्री, दलित विषयों के जानकार और तेलंगाना में जातिगत सर्वेक्षण पर बनी अध्ययन समिति के सदस्य प्रोफेसर थोराट से इस सत्याग्रह के महत्व पर चर्चा की। इस दौरान दलितों की शासन, शिक्षा, नौकरशाही और संसाधनों तक पहुंच के लिए अब भी जारी संघर्ष पर हमने विस्तार से चर्चा की।